हाइलाइट्स
डिजिटल लेडिंग प्लेटफॉर्म्स पर लगा था बैन
रिव्यू मीटिंग के बाद लिया गया बैन हटाने का फैसला
होस्टिंग प्लेटफॉर्म्स को दी जाएगी सूचना
नई दिल्ली. डिजिटल लेंडर्स को बड़ी राहत देते हुए इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) ने ऐप्स की समीक्षा करने के बाद 6 फरवरी को पास किए गए बैन ऑर्डर्स को रद्द करने का निर्णय लिया है. साथ ही मंत्रालय द्वारा इंडस्ट्री प्लेयर्स के साथ मीटिंग भी की जा रही है.
कई इंडस्ट्री सोर्सेज ने नाम न छापने का अनुरोध करते हुए हमारी सहयोगी वेबसाइट मनीकंट्रोल को बताया कि रिव्यू मीटिंग के बाद ये बात सामने आई है कि बैन ऑर्डर को रद्द कर दिया जाएगा. हालांकि, ये बात अभी लिखित में संबंधित कंपनियों नहीं दी गई है. फिलहाल ये साफ नहीं है कि क्या कितने ऐप्स से बैन को हटाया जाएगा.
Google जैसे प्लेटफॉर्म्स को जाएगी सूचना
सोर्सेज ने कहा कि MeitY के अधिकारी Google जैसे ऐप होस्टिंग प्लेटफॉर्म को प्रतिबंध हटाने और ऐप्स को हमेशा की तरह चलने देने के लिए सूचित करेंगे. एक सूत्र ने ये भी कहा कि ये आदेश कई डिजिटल लेंडिंग ऐप्स के लिए एक झटके के रूप में आया. क्योंकि कई सभी पहलुओं का पालन कर रहे थे. स्टार्टअप्स ने पिछले दो दिनों में अधिकारियों के सामने अपना पक्ष रखा और प्रतिबंध आदेश को रद्द किए जाने की संभावना है.
इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) ने 8 फरवरी को कई डिजिटल लेंडर्स से मुलाकात की. ये मुलाकात उनकी वेबसाइट और गूगल प्ले स्टोर पर मौजूद प्लेटफॉर्म्स को ब्लॉक करने के संबंध में थी.
आपको बता दें कुछ दिन पहले MeitY कुल 232 ऐप्स पर बैन लगा दिया था. इसमें 138 सट्टेबाजी वाले ऐप्स थे और 94 लोन लेंडिंग ऐप्स थे. सरकार ने इन्हें सट्टेबाजी, जुआ और अनधिकृत ऋण सेवा में शामिल होने के लिए बैन किया था. ये ऐप्स चीन सहित विदेशी संस्थाओं द्वारा संचालित थे. बैन की लिस्ट में LazyPay, IndiaBulls Home Loans और Kissht जैसे नाम शामिल हैं.
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Tags: Apps, Chinese Apple, Tech news, Tech news hindi
FIRST PUBLISHED : February 10, 2023, 17:43 IST
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